March 30, 2026 10:08 pm

Home » शिक्षा » *वाराणसी में स्कूल ट्रांसपोर्ट ड्राईवर्स और अटैंडेंट्स के लिए विस्तृत सड़क सुरक्षा एवं ट्रॉमा रिस्पॉन्स प्रशिक्षण का आयोजन किया गया*

*वाराणसी में स्कूल ट्रांसपोर्ट ड्राईवर्स और अटैंडेंट्स के लिए विस्तृत सड़क सुरक्षा एवं ट्रॉमा रिस्पॉन्स प्रशिक्षण का आयोजन किया गया*

 

*वाराणसी में स्कूल ट्रांसपोर्ट ड्राईवर्स और अटैंडेंट्स के लिए विस्तृत सड़क सुरक्षा एवं ट्रॉमा रिस्पॉन्स प्रशिक्षण का आयोजन किया गया*

 

वाराणसी: एआई पॉवर्ड फ्लीट एवं ड्राईवर सेफ्टी सॉल्यूशंस में ग्लोबल लीडर, नेट्राडाईन और सड़क सुरक्षा के लिए समर्पित एनजीओ मुस्कान फाउंडेशन ने वाराणसी में सड़क सुरक्षा और ट्रॉमा रिस्पॉन्स पर एक विस्तृत प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया। यह कार्यक्रम सनबीम ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस की सभी शाखाओं के स्कूल ट्रांसपोर्ट ड्राईवर्स और अटैंडेंट्स के लिए था।

 

यह पहल मार्च, 2025 में शुरू की गई थी। इसका उद्देश्य भारत में स्कूल बसों (बाल वाहिनी) की बढ़ती दुर्घटनाओं को रोकना है। इस पहल के अंतर्गत स्कूल में ट्रांसपोर्ट संभालने वाले लोगों को सड़क सुरक्षा और इमर्जेंसी रिस्पॉन्स का प्रशिक्षण दिया जाता है।

 

स्कूलों में ट्रांसपोर्ट को सुरक्षित बनाने की गंभीर जरूरत को देखते हुए यह पायलट प्रोजेक्ट वाराणसी, जयपुर, गुरुग्राम, मुंबई और बैंगलोर जैसे अलग-अलग शहरों में संयुक्त रूप से आयोजित किया जा रहा है। इसमें 8 कार्यशालाओं के माध्यम से 1000 से अधिक ड्राईवर्स और कंडक्टर्स को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इस अभियान का उद्देश्य एक व्यवस्थित और टेक्नोलॉजी पर आधारित मॉडल का निर्माण करना है, जो आने वाले सालों में विभिन्न शहरों में ले जाया जाएगा, ताकि स्थायी प्रभाव और सस्टेनेबिलिटी सुनिश्चित हो सकें।

 

इस कार्यक्रम के अंतर्गत मोटर वैहिकल एक्ट 1988 और 2019 (संशोधन) जैसे मुख्य कानूनी प्रावधानों के साथ विभिन्न विषयों में प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिसमें स्कूल ट्रांसपोर्ट सेफ्टी रैगुलेशन, डिफेंसिव ड्राईविंग तकनीक, सड़क सुरक्षा के लिए प्रिवेंटिव उपाय, इमर्जेंसी रिस्पॉन्स एवं फर्स्ट एड, क्विक रिस्पॉन्स के तरीके तथा ड्राईवर्स और अटैंडेंट्स के दायित्व आदि शामिल हैं, ताकि स्कूली बच्चों का सुरक्षित परिवहन, अनुशासित ट्रैफिक और सड़क पर जिम्मेदार व्यवहार सुनिश्चित हो सके और जिम्मेदारीपूर्वक ड्राईविंग को बढ़ावा मिले।

 

यह कार्यक्रम केवल एक बार आयोजित नहीं किया गया है, बल्कि यह हर साल चलता रहेगा तथा निरंतर प्रशिक्षण दिया जाता रहेगा, ताकि स्कूल बस ड्राईवर्स और अटैंडेंट्स को सड़क सुरक्षा के बारे में सदैव अपडेटेड जानकारी मिलती रहे। उन्हें अध्ययन सामग्री और जागरुकता बढ़ाने वाले संसाधन भी दिए जाएंगे, ताकि वो प्रतिदिन ड्राईव करने के दौरान प्रशिक्षण में प्राप्त जानकारी का उपयोग कर सकें।

 

वाराणसी में सनबीम ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के साथ आयोजित की गई तीन कार्यशालाओं में स्कूल बसों के 400 से अधिक ड्राईवर्स और अटैंडेंट्स ने हिस्सा लिया। यह प्रशिक्षण दो बार राष्ट्रीय पुरस्कार जीत चुके एनजीओ, मुस्कान फाउंडेशन फॉर रोड सेफ्टी द्वारा आयोजित किया गया। यह फाउंडेशन साल 2001 से सड़क सुरक्षा की जागरुकता बढ़ाने के लिए समर्पित है। बैंगलोर स्थित एआई स्टार्टअप, नेट्राडाईन ने सड़क सुरक्षा के मानकों को बढ़ाने वाले टेक्नोलॉजी आधारित समाधान प्रदान करके इस पहल में अपना सहयोग दिया।

 

इस कार्यक्रम में श्री शिखर ओझा, रीज़नल ट्रांसपोर्ट ऑफिसर, वाराणसी; श्री दीपक मधोक, चेयरपर्सन, सनबीम ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस; मिस नेहा खुल्लर, डायरेक्टर – प्रोजेक्ट्स, मुस्कान फाउंडेशन फॉर रोड सेफ्टी एवं अमित कुमार, सीनियर डायरेक्टर – मार्केटिंग, नेट्राडाईन जैसे गणमान्य लोगों ने हिस्सा लिया। श्री हिमांशु नागपाल, आईएएस – चीफ डेवलपमेंट ऑफिसर, वाराणसी; श्री सुधांशु रंजन – एडिशनल रीज़नल ट्रांसपोर्ट ऑफिसर (एन्फोर्समेंट), वाराणसी; मिस अमृता बर्मन – डायरेक्टर, सनबीम ग्रुप ऑफ एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस; और मिस रंजिनी शेट्टी – एसोसिएट डायरेक्टर – एचआर, नेट्राडाईन भी यहाँ मौजूद थे।

Liveupweb
Author: Liveupweb

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *